"समाजवादी पार्टी " लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं
"समाजवादी पार्टी " लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं

शनिवार, 5 सितंबर 2015

मुलायम को मनाने की कवायद

महागठबंधन की खुली गांठ बांधने के प्रयास तेज
ओ.पी. पाल. नई दिल्ली।
सपा प्रमुख मुलायम सिंह यादव के जनता परिवार से अलग होकर बिहार में चुनाव लड़ने के ऐलान से खुली महागठबंधन की गांठ को फिर से बांधने के लिए जदयू-राजद सियासी दावं-पेंच के साथ जुटे हुए हैं। सपा प्रमुख मुलायम सिंह को मनाने के लिए दोनों नेताओं ने मुलायम के साथ बातचीत करके महागठबंधन को बचाने की रणनीति पर माथापच्ची की। हालांकि अभी तक मुलायम अपनी पार्टी के निर्णय पर कठोर बने हुए हैं।
बिहार में होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए जनता परिवार के प्रमुख घटक दल समाजवादी पार्टी ने एक दिन पहले महागठबंधन से अलग होकर अपने बलबूते पर चुनाव लड़ने का ऐलान किया है। छह दलों के गठजोड़ वाले जनता परिवार के मुखिया मुलायम सिंह यादव की पार्टी के इस ऐलान से टूटे महागठबंधन को बचाने की चुनौती का सामना कर रहे जदयू अध्यक्ष शरद यादव और राजद प्रमुख लालू यादव शुक्रवार को यहां दिल्ली में सपा प्रमुख मुलायम सिंह को मनाने के लिए उनके सरकारी आवास पर पहुंचे। सूत्रों के अनुसार जदयू व राजद नेता ने सपा प्रमुख मुलायम सिंह यादव को महागठबंधन को बचाए रखने के लिए कई सियासी रणनीतियों की भी दुहाई दी। सूत्रों की माने तो लालू यादव ने बिहार चुनाव में सपा को और भी ज्यादा सीटे देने की पेशकश पर विचार किया, लेकिन फिलहाल मुलायम सिंह की कठोरता वाले तेवर बरकरार हैं। गौरतलब है कि सपा ने महागठबंधन से अलग होने और अकेले दम पर बिहार में चुनाव लड़ने का निर्णय सपा संसदीय दल ने लिया था, जिसमें महागठबंधन में सपा को पांच सीटे देने के फैसले को पार्टी का अपमान भी करार दे दिया गया था।